Skip to content

The Xpress News

  • Home
  • धर्म अध्यात्म
  • Health
  • Blog
  • Toggle search form
  • लिफ्ट/एस्कलेटर की सुरक्षा
    लिफ्ट/एस्कलेटर की सुरक्षा-संरक्षा सुनिश्चित करने प्रदेश में लागू होगा कानून: मुख्यमंत्री UP Government News
  • Back Pain : मांसपेशियों में खिंचाव के कारण भी होता है बैक पेन : डॉक्टर मधुलिका शुक्ला Health
  • वृद्धजनों के हुनर से सजा मंच, रामलीला का भावपूर्ण हुआ मंचन UP Government News
  • TSH Stag Global 3rd यूपी स्टेट रैंकिंग टेबल टेनिस टूर्नामेंट 14 से Sports
  • योनेक्स सनराइज द्वितीय अंडर 19उत्तर प्रदेश स्टेट बैडमिंटन चैंपियनशिप ग्रीन पार्क में 5 जून से Sports
  • कानपुर बैडमिंटन एसोसिएशन का हुआ पंजीकरण, अब नए नाम से करेगी कार्य Sports
  • ब्रेस्ट में गांठ
    सही समय पर ब्रेस्ट में गांठ के इलाज से कैंसर से बचा जा सकता है : डॉ. मधुलिका शुक्ला Health
  • Asia Cup trophy controversy
    Asia Cup trophy controversy : एशिया कप ट्रॉफी एसीसी कार्यालय में बंद की गई Sports
कार्तिक पूर्णिमा

shri krishna janmashtami : इन उपायों से मिलेगी सभी रोगों से मुक्ति, घर में आएगी समृद्धि

Posted on August 22, 2024 By Manish Srivastava No Comments on shri krishna janmashtami : इन उपायों से मिलेगी सभी रोगों से मुक्ति, घर में आएगी समृद्धि

श्री कृष्ण जन्माष्टमी विशेष सोमवार 26 अगस्त 2024

अलीगढ़ : श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर हम लोगों को ऐसा क्या उपाय करना चाहिए जिससे कि हमें हर प्रकार के रोग दोषों से मुक्ति मिले हमारे घरो में हर प्रकार की खुशहाली उन्नति हुआ वैभव में बढ़ोतरी हो हमारे बच्चों के जीवन में आने वाली पढ़ाई लिखाई संबंधी रुकावटें भी दूर हो तो आइए आज आपको इन सभी विषयों पर विस्तृत जानकारी दे रहे हैं प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य परम पूज्य गुरुदेव पंडित हृदयरंजन शर्मा अध्यक्ष श्रीगुरू ज्योतिष शोध संस्थान गुरू रत्न भंडार पुरानी कोतवाली सर्राफा बाजार अलीगढ़ यूपी.व्हाट्सएप नंबर-9756402981,8272809774




🌸 श्री कृष्ण जन्माष्टमी 26 अगस्त 2024 दिन सोमवार को ही मान्य होगी ,अष्टमी तिथि रविवार 25 अगस्त की रात्रि 3:39 से प्रारंभ हो रही है जो 26 अगस्त दिन सोमवार की रात्रि 2:19 मिनट तक अष्टमी तिथि मान्य होगी क्योंकि इसी दिन रोहिणी नक्षत्र वृषभ राशि का चंद्रमा दोपहर 03:54बजे से पूरी रात्रि तक रहेगा एवं सिंह राशि का सूर्य होगा जिसमें योगीराज प्रभु श्री कृष्ण का जन्म अष्टमी और नवमी तिथि के मिलने पर हुआ था। *🌻जन्माष्टमीपर्व रक्षाबंधन के पश्चात भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मनाया जाता है

🌸जन्माष्टमीपर श्रीकृष्ण-जन्माष्टमी की रात्रि को मोहरात्रि कहा गया है इस रात में योगेश्वर श्रीकृष्ण का ध्यान, नाम अथवा मंत्र जपते हुए जगने से संसार की मोह-माया से आसक्ति हटती है

🏵जन्माष्टमी पर उत्तम धन हेतु इस दिन किसी मंदिर में भगवान के पीले रंग के कपड़े, पीले फल, पीला अनाज व पीली मिठाई दान करने से भगवान श्रीकृष्ण व माता लक्ष्मी दोनों प्रसन्न रहते हैं, उस जातक को जीवन में धन और यश की कोई भी कमी नहीं रहती है

🔥जन्माष्टमी . सुख-समृद्धि हेतु जन्माष्टमी की रात को 12 बजे भगवान श्री कृष्ण का केसर मिश्रित दूध से अभिषेक करे

🌺जन्माष्टमी . कार्य सिद्ध हेतु जन्माष्टमी के दिन श्रीकृष्ण जी के मंदिर में जटा वाला नारियल और कम से कम 11 बादाम चढ़ाएं . जन्माष्टमी से शुरूआत करके कृष्ण मंदिर में लगातार सत्ताइस दिन तक जटा वाला नारियल और 11 बादाम चढ़ाएं

🌟जन्माष्टमी . ऐश्वर्य प्राप्ति हेतु जन्माष्टमी के दिन भगवान श्रीकृष्ण को सफेद मिठाई, साबूदाने अथवा चावल की खीर यथाशक्ति मेवे डालकर बनाकर उसका भोग लगाएं उसमें चीनी की जगह मिश्री डाले , एवं तुलसी के पत्ते भी अवश्य डालें

🔥जन्माष्टमी . मनोकामना हेतु जन्माष्टमी के दिन प्रात: दक्षिणावर्ती शंख में जल भरकर भगवान श्रीकृष्ण का अभिषेक करें इसके बाद यह उपाय हर शुक्रवार को करें

🌞shrigurujyotishshodhsanst: *🍁जन्माष्टमी पर ज्योतिष के अनुसार, अगर इस दिन भगवान श्रीकृष्ण को प्रसन्न करने के लिए विशेष उपाय किए जाएं तो माता लक्ष्मी भी प्रसन्न हो जाती हैं और भक्तों पर कृपा बरसाती हैं। ये उपाय करने से मनोकामना पूर्ति व धन प्राप्ति के योग भी बन सकते हैं।

🔥ये हैं जन्माष्टमी के अचूक 12 उपाय, 1 भी करेंगे तो होगा फायदा

🌟आमदनी नहीं बढ़ रही है या नौकरी में प्रमोशन नहीं हो रहा है तो जन्माष्टमी पर 7 कन्याओं को घर बुलाकर खीर या सफेद मिठाई खिलाएं। इसके बाद लगातार पांच शुक्रवार तक सात कन्याओं को खीर या सफेद मिठाई बांटें।

🌟जन्माष्टमी से शुरु कर 27 दिन लगातार नारियल व बादाम किसी कृष्ण मंदिर में चढ़ाने से सभी इच्छाएं पूरी हो सकती है।

🌟यदि पैसे की समस्या चल रही हो तो जन्माष्टमी पर सुबह स्नान आदि करने के बाद राधाकृष्ण मंदिर जाकर दर्शन करें व पीले फूलों की माला अर्पित करें। इससे आपकी परेशानी कम हो सकती है।

🏵सुख-समृद्धि पाने के लिए जन्माष्टमी पर पीले चंदन या केसर से गुलाब जल मिलाकर माथे पर टीका अथवा बिंदी लगाएं। ऐसा रोज करें। इस उपाय से मन को शांति प्राप्त होगी और जीवन में सुख-समृद्धि आने के योग बनेंगे।

🏵लक्ष्मी कृपा पाने के लिए जन्माष्टमी पर कहीं केले के पौधे लगा दें। बाद में उनकी नियमित देखभाल करते रहे। जब पौधे फल देने लगे तो इसका दान करें, स्वयं न खाएं।

🌺जन्माष्टमी पर भगवान श्रीकृष्ण को पान का पत्ता भेंट करें और उसके बाद इस पत्ते पर रोली (कुमकुम) से श्री यंत्र लिखकर तिजोरी में रख लें। इस उपाय से धन वृद्धि के योग बन सकते हैं।

🌺जन्माष्टमी पर भगवान श्रीकृष्ण को सफेद मिठाई या खीर का भोग लगाएं।इसमें तुलसी के पत्ते अवश्य डालें। इससे भगवान श्रीकृष्ण जल्दी ही प्रसन्न हो जाते हैं।

🌺जन्माष्टमी पर दक्षिणावर्ती शंख में जल भरकर भगवान श्रीकृष्ण का अभिषेक करें। इस उपाय से मां लक्ष्मी भी प्रसन्न होती हैं। ये उपाय करने वाले की हर इच्छा पूरी हो सकती है।




🌺कृष्ण मंदिर जाकर तुलसी की माला से नीचे लिखे मंत्र की 11 माला जप करें। इस उपाय से आपकी हर समस्या का समाधान हो सकताहै।

🌷मंत्र- क्लीं कृष्णाय वासुदेवाय हरि:परमात्मने प्रणत:क्लेशनाशाय गोविंदय नमो नम:

🌻भगवान श्रीकृष्ण को पीतांबर धारी भी कहते हैं, जिसका अर्थ है पीले रंग के कपड़े पहनने वाला। जन्माष्टमी पर पीले रंग के कपड़े, पीले फल व पीला अनाज दान करने से भगवान श्रीकृष्ण व माता लक्ष्मी दोनों प्रसन्न होते हैं।

🌻जन्माष्टमी की रात 12 बजे भगवान श्रीकृष्ण का केसर मिश्रित दूध से अभिषेक करें तो जीवन में सुख-समृद्धि आने के योग बनाते हैं।

🌻जन्माष्टमी को शाम के समय तुलसी को गाय के घी का दीपक लगाएं और ॐ वासुदेवाय नम: मंत्र बोलते हुए तुलसी की 11 परिक्रमा करें।

💥जन्माष्टमी व्रत-उपवास की महिमा

🍁जन्माष्टमी का व्रत रखना चाहिए, बड़ा लाभ होता है ।इससे सात जन्मों के पाप-ताप मिटते हैं ।

🍁जन्माष्टमी एक तो उत्सव है, दूसरा महान पर्व है, तीसरा महान व्रत-उपवास और पावन दिन भी है।

🍁वायु पुराण’ में और कई ग्रंथों में जन्माष्टमी के दिन की महिमा लिखी है। ‘जो जन्माष्टमी की रात्रि को उत्सव के पहले अन्न खाता है, भोजन कर लेता है वह नराधम है’ – ऐसा भी लिखा है, और जो उपवास करता है, जप-ध्यान करके उत्सव मना के फिर खाता है, वह अपने कुल की 21 पीढ़ियाँ तार लेता है और वह मनुष्य परमात्मा को साकार रूप में अथवा निराकार तत्त्व में पाने में सक्षमता की तरफ बहुत आगे बढ़ जाता है । इसका मतलब यह नहीं कि व्रत की महिमा सुनकर मधुमेह वाले या कमजोर लोग भी पूरा व्रत रखें ।

🍁बालक, अति कमजोर तथा बूढ़े लोग अनुकूलता के अनुसार थोड़ा फल आदि खायें ।

🍁जन्माष्टमी के दिन किया हुआ जप अनंत गुना फल देता है ।

🍁उसमें भी जन्माष्टमी की पूरी रात जागरण करके जप-ध्यान का विशेष महत्त्व है। जिसको क्लीं कृष्णाय नमः मंत्र का और अपने गुरु मंत्र का थोड़ा जप करने को भी मिल जाय, उसके त्रिताप नष्ट होने में देर नहीं लगती ।

🍁‘भविष्य पुराण’ के अनुसार जन्माष्टमी का व्रत संसार में सुख-शांति और प्राणीवर्ग को रोगरहित जीवन देनेवाला, अकाल मृत्यु को टालनेवाला, गर्भपात के कष्टों से बचानेवाला तथा दुर्भाग्य और कलह को दूर भगानेवाला होता है।

♦कृष्ण नाम के उच्चारण का फल ब्रह्मवैवर्तपुराण के अनुसार

🏵विष्णुजी के सहस्र दिव्य नामों की तीन आवृत्ति करने से जो फल प्राप्त होता है; वह फल ‘कृष्ण’ नाम की एक आवृत्ति से ही मनुष्य को सुलभ हो जाता है। वैदिकों का कथन है कि ‘कृष्ण’ नाम से बढ़कर दूसरा नाम न हुआ है, न होगा। ‘कृष्ण’ नाम सभी नामों से परे है। हे गोपी! जो मनुष्य ‘कृष्ण-कृष्ण’ यों कहते हुए नित्य उनका स्मरण करता है; उसका उसी प्रकार नरक से उद्धार हो जाता है, जैसे कमल जल का भेदन करके ऊपर निकल आता है। ‘कृष्ण’ ऐसा मंगल नाम जिसकी वाणी में वर्तमान रहता है, उसके करोड़ों महापातक तुरंत ही भस्म हो जाते हैं। ‘कृष्ण’ नाम-जप का फल सहस्रों अश्वमेघ-यज्ञों के फल से भी श्रेष्ठ है; क्योंकि उनसे पुनर्जन्म की प्राप्ति होती है; परंतु नाम-जप से भक्त आवागमन से मुक्त हो जाता है। समस्त यज्ञ, लाखों व्रत तीर्थस्नान, सभी प्रकार के तप, उपवास, सहस्रों वेदपाठ, सैकड़ों बार पृथ्वी की प्रदक्षिणा- ये सभी इस ‘कृष्णनाम’- जप की सोलहवीं कला की समानता नहीं कर सकते

💥विष्णु के तीन हजार पवित्र नाम (विष्णुसहस्त्रनाम) जप के द्वारा प्राप्त परिणाम ( पुण्य ), केवलएक बार कृष्ण के पवित्र नाम जप के द्वारा प्राप्त किया जा सकता है ।

 

धर्म अध्यात्म Tags:Shri Krishna Janmashtami

Post navigation

Previous Post: Shri Krishna Janmashtami : श्री कृष्ण जन्माष्टमी व्रत करने से मिलेंगे 5 विशेष शुभ आशीर्वाद
Next Post: Shri Krishna Janmastami 2024 : आखिरकार भगवान श्री कृष्ण का नाम लड्डू गोपाल कैसे पड़ा

Related Posts

  • ब्रह्मचारिणी
    Mahakal Bhairav Ashtami 2023 : भगवान शंकर का पूर्ण रूप है काल भैरव, जानें विस्तार से धर्म अध्यात्म
  • शैलपुत्री
    मकान की नींव में सर्प और कलश आखिर क्यों गाड़े जातें हैं? जानें पं. हृदय रंजन शर्मा जी धर्म अध्यात्म
  • होली
    100 साल बाद बना ऐसा दुर्लभ संयोग! 3 मार्च को नहीं, जानें क्यों 4 मार्च को खेली जाएगी होली धर्म अध्यात्म
  • Durga Ashtami
    Phalgun Month : फाल्गुन माह का जानिए क्या है धार्मिक और पौराणिक महत्व धर्म अध्यात्म
  • Chhoti Diwali
    Chhoti Diwali : छोटी दिवाली को ऐसे करें काली पूजा, होगा चमत्कार धर्म अध्यात्म
  • होली
    शास्त्रों के अनुसार किस-किस व्यक्ति को है श्राद्ध करने का अधिकार धर्म अध्यात्म

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • ब्रेस्ट में गांठ
    सही समय पर ब्रेस्ट में गांठ के इलाज से कैंसर से बचा जा सकता है : डॉ. मधुलिका शुक्ला Health
  • Badminton Competition
    Badminton Competition : तीन दिवसीय जूनियर बैडमिंटन प्रतियोगिता 5 से Sports
  • होली
    खरमास खत्म, शुभ कार्य शुरू, नववर्ष में 59 शुभ मुहूर्त, गूंजेगी विवाह की शहनाई धर्म अध्यात्म
  • नवीन क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी भानु प्रसाद का स्वागत Sports
  • Hartalika Teej
    Ganga Dussehra 2024 : हिन्दू धर्म मे माँ गंगा के पृथ्वी पर अवतरण दिवस के रूप में मनाया जाता है गंगा दशहरा धर्म अध्यात्म
  • Ashtami Fast
    lunar eclipse : 07 सितंबर काे लगेगा संपूर्ण खग्रासचंद्र ग्रहण, भारत में चंद्र ग्रहण का समय धर्म अध्यात्म
  • होली
    Shardiya Navratri 2023 : नवरात्रि में स्थापना के साथ वोने वाले जौ विषय में जानें धर्म अध्यात्म
  • टनकपुर त्रैसाप्ताहिक विशेष गाड़ी
    कोलकाता-आनंद विहार टर्मिनल के बीच चलेगी त्यौहार स्पेशल रेलगाड़ी Railway

Copyright © 2026 .

Powered by PressBook News WordPress theme