Skip to content

The Xpress News

  • Home
  • धर्म अध्यात्म
  • Health
  • Blog
  • Toggle search form
  • Kharmas
    Rishi Panchami 28 August : ऋषि पंचमी का व्रत, कथा और पूजन विधि जानें धर्म अध्यात्म
  • कुलदीप यादव का किया गया सम्मान Blog
  • UP board result
    UP board result : हाईस्कूल और इण्टरमीडिएट में सीतापुर के परीक्षार्थियों का रहा दबदबा Education
  • सुविज्ञा और सार्थक ने टेबल टेनिस प्रतियोगिता में मारी बाज़ी Sports
  • डॉक्टर मधुलिका शुक्ला
    होम्योपैथिक दवा बीमारियों में कारगर : डॉक्टर मधुलिका शुक्ला Health
  • ताइक्वांडो प्रतियोगिता
    ओडिशा राज्य ताइक्वांडो प्रतियोगिता 2024 के लिए कानपुर के सिद्धार्थ शर्मा बनाए गए तकनीकी अधिकारी Sports
  • कार्तिक पूर्णिमा
    Hindu New Year : हिन्दूओं का नववर्ष 9 अप्रैल से आरंभ हो रहा है, जानें गुड़ी पड़वा का महत्व धर्म अध्यात्म
  • Special Olympics power lifting Championship
    Special Olympics power lifting Championship : महिला वर्ग में उत्तर प्रदेश एवं पुरुष वर्ग में केरल बना टीम चैंपियन Sports
करवा चौथ का मुहूर्त

करवा चौथ का मुहूर्त व महत्‍व और पूजन विधि : Importance and auspicious time of Karva Chauth

Posted on October 9, 2025October 9, 2025 By Manish Srivastava No Comments on करवा चौथ का मुहूर्त व महत्‍व और पूजन विधि : Importance and auspicious time of Karva Chauth

Aligarh : करवा चौथ 10 अक्टूबर, 2025 को है। शुक्रवार विशेष के विषय में विस्तृत जानकारी दे रहे हैं श्री गुरु ज्योतिष शोध संस्थान गुरु रत्न भंडार वाले प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य परम पूज्य गुरुदेव पंडित हृदय रंजन शर्मा जी।

🏵करवा चौथ व्रत का भारतीय सनातनी हिन्दू संस्कृति में विशेष महत्त्व है। इस दिन पत्नियां पूर्ण श्रद्धाभाव से पूरे दिन अपने पति की दिर्घायु ,उन्नति और अच्छे स्वास्थ्य की कामना हेतु निर्जला व्रत रखती है। करवा चाैथ पर इस वर्ष 2025में 10 अक्टूबर शुक्रवार को कृतिका/रोहिणी नक्षत्र, सिद्धि/व्यतिपात योग वव करण के शुभ संयोग में करवा चौथ का त्यौहार मनाया जायेगा पहली बार करवा चौथ का व्रत रखने वाली महिलाओं के लिए ये व्रत बहुत अच्छा है।

🌻करवा चौथ महात्म्य
⭐छांदोग्य उपनिषद् के अनुसार चंद्रमा में पुरुष रूपी ब्रह्मा की उपासना करने से सारे पाप नष्ट हो जाते हैं। इससे जीवन में किसी भी प्रकार का कष्ट नहीं होता है। साथ ही साथ इससे लंबी और पूर्ण आयु की प्राप्ति होती है। करवा चौथ के व्रत में शिव, पार्वती, कार्तिकेय, गणोश तथा चंद्रमा का पूजन करना चाहिए। चंद्रोदय के बाद चंद्रमा को अघ्र्य देकर पूजा होती है। पूजा के बाद मिट्टी के करवे में चावल,उड़द की दाल, सुहाग की सामग्री रखकर सास अथवा सास के समकक्ष किसी सुहागिन के पांव छूकर सुहाग सामग्री भेंट करनी चाहिए।

🍁महाभारत से संबंधित पौराणिक कथा के अनुसार पांडव पुत्र अर्जुन तपस्या करने नीलगिरी पर्वत पर चले जाते हैं। दूसरी ओर बाकी पांडवों पर कई प्रकार के संकट आन पड़ते हैं। द्रौपदी भगवान श्रीकृष्ण से उपाय पूछती हैं। वह कहते हैं कि यदि वह कार्तिक कृष्ण चतुर्थी के दिन करवाचौथ का व्रत करें तो इन सभी संकटों से मुक्ति मिल सकती है। द्रौपदी विधि विधान सहित करवाचौथ का व्रत रखती है जिससे उनके समस्त कष्ट दूर हो जाते हैं। इस प्रकार की कथाओं से करवा चौथ का महत्त्व हम सबके सामने आ जाता है।




🌺सरगी का महत्त्व
🌻करवा चौथ में सरगी का काफी महत्व है। सरगी सास की तरफ से अपनी बहू को दी जाती है। इसका सेवन महिलाएं करवाचौथ के दिन सूर्य निकलने से पहले तारों की छांव में करती हैं। सरगी के रूप में सास अपनी बहू को विभिन्न खाद्य पदार्थ एवं वस्त्र इत्यादि देती हैं। सरगी, सौभाग्य और समृद्धि का रूप होती है। सरगी के रूप में खाने की वस्तुओं को जैसे फल, मीठाई आदि को व्रती महिलाएं व्रत वाले दिन सूर्योदय से पूर्व प्रात: काल में तारों की छांव में ग्रहण करती हैं। तत्पश्चात व्रत आरंभ होता है। अपने व्रत को पूर्ण करती हैं।

🔹चौथ की पूजन सामग्री और व्रत की विधि

🔶करवा चौथ पर्व की पूजन सामग्री
🌲कुंकुम, शहद, अगरबत्ती, पुष्प, कच्चा दूध, शक्कर, शुद्ध घी, दही, मेंहदी, मिठाई, गंगाजल, चंदन, चावल, सिन्दूर, मेंहदी, महावर, कंघा, बिंदी, चुनरी, चूड़ी, बिछुआ, मिट्टी का टोंटीदार करवा व ढक्कन, दीपक, रुई, कपूर, गेहूँ, शक्कर का बूरा, हल्दी, पानी का लोटा, गौरी बनाने के लिए पीली मिट्टी, लकड़ी का आसन, छलनी, आठ पूरियों की अठावरी, हलुआ, दक्षिणा के लिए पैसे। सम्पूर्ण सामग्री को एक दिन पहले ही एकत्रित कर लें व्रत वाले दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठ कर स्नान कर स्वच्छ कपड़े पहन लें तथा शृंगार भी कर लें इस अवसर पर करवा की पूजा-आराधना कर उसके साथ शिव-पार्वती की पूजा का विधान है क्योंकि माता पार्वती ने कठिन तपस्या करके शिवजी को प्राप्त कर अखंड सौभाग्य प्राप्त किया था इसलिए शिव-पार्वती की पूजा की जाती है। करवा चौथ के दिन चंद्रमा की पूजा का धार्मिक और ज्योतिष दोनों ही दृष्टि से महत्व है। व्रत के दिन प्रात: स्नानादि करने के पश्चात यह संकल्प बोल कर करवा चौथ व्रत का आरंभ करें।

💐करवा चौथ पूजन विधि♦

प्रात: काल में नित्यकर्म से निवृत होकर संकल्प लें और व्रत आरंभ करें।व्रत के दिन निर्जला रहे यानि जलपान ना करें।व्रत के दिन प्रातः स्नानादि करने के पश्चात यह संकल्प बोलकर करवा चौथ व्रत का आरंभ करें शाम के समय, माँ पार्वती की प्रतिमा की गोद में श्रीगणेश को विराजमान कर उन्हें बालू अथवा सफेद मिट्टी की वेदी अथवा लकड़ी के आसार पर शिव-पार्वती, स्वामी कार्तिकेय, गणेश एवं चंद्रमा की स्थापना करें। मूर्ति के अभाव में सुपारी पर नाड़ा (कलावा )बाँधकर देवता की भावना करके स्थापित करें। पश्चात माँ पार्वती का सुहाग सामग्री आदि से श्रृंगार करें।भगवान शिव और माँ पार्वती की आराधना करें और कोरे करवे में पानी भरकर पूजा करें। एक लोटा, एक वस्त्र व एक विशेष करवा दक्षिणा के रूप में अर्पित करें सौभाग्यवती स्त्रियां पूरे दिन का व्रत कर व्रत की कथा का श्रवण करें। चंद्रोदय के बाद चाँद को अर्घ्य देकर अपने पति के हाथ से जल एवं मिष्ठान खा कर व्रत खोले।




🔥पूजा एवं चन्द्र को अर्घ्य देने का मुहूर्त

🌻 चतुर्थी तिथि प्रारंभ 09 अक्टूबर दिन शुक्रवार की रात्रि काल 10: 54 मिनट से
🌻चतुर्थी तिथि समाप्त- रात्रि 07:38पर 10अक्टूबर शुक्रवार की रात

♦चंद्रोदय- 20:17

🌺पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 5.32 से 8:00 बजे.शाम तक।

💥करवा चौथ के दिन चन्द्र को अर्घ्य देने का समय रात्रि 8:17 बजे से 9:30 तक है।
🌟प्राचीन मान्यताओं के अनुसार करवा चौथ के दिन शाम के समय चन्द्रमा को अर्घ्य देकर ही व्रत खोला जाता है।चंद्रदेव को अर्घ्य देते समय इस मंत्र का जप अवश्य करना चाहिए। अर्घ्य देते समय इस मंत्र के जप करने से घर में सुख व शांति आती है।
“गगनार्णवमाणिक्य चन्द्र दाक्षायणीपते।
गृहाणार्घ्यं मया दत्तं गणेशप्रतिरूपक॥”
🍁इसका अर्थ है कि सागर समान आकाश के माणिक्य, दक्षकन्या रोहिणी के प्रिय व श्री गणेश के प्रतिरूप चंद्रदेव मेरा अर्घ्य स्वीकार करें।

अ‍धिक जानकारी के लिए संपर्क करें :::

🔥प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य परम पूज्य गुरुदेव पंडित हृदय रंजनशर्मा अध्यक्ष श्री गुरु ज्योतिष शोध संस्थान गुरू रत्न भण्डार पुरानी कोतवाली सर्राफा बाजार अलीगढ़ यूपी व्हाट्सएप नंबर-9756402981,7500048250

धर्म अध्यात्म Tags:Importance and auspicious time of Karva Chauth, करवा चौथ का मुहूर्त

Post navigation

Previous Post: Karva Chauth ka pauranik mahatve : मां पार्वती ने सबसे पहले रखा था करवा चौथ का व्रत
Next Post: Alankara Samaroh : जय नारायण विद्या मन्दिर इंटर में प्रतिभा अलंकरण समारोह सम्पन्न

Related Posts

  • Hartalika Teej
    Chaitra Navratri Shailputri : माँ दुर्गा के प्रथम स्वरूप श्री शैलपुत्री जी का जानें महत्व एवं पूजा विधि धर्म अध्यात्म
  • Hariyali Teej
    Shitala Shashthi 2024 : शीतला षष्ठी व्रत से पुत्र और सौभाग्य की प्राप्ति होती है धर्म अध्यात्म
  • ब्रह्मचारिणी
    श्रीगणेश उत्सव 19 से 28 सितंबर तक, अपनी राशि अनुसार करें आराधना, मिलेगी हर कार्य में सफलता धर्म अध्यात्म
  • कार्तिक पूर्णिमा
    Shri Krishna Janmastami : कृष्ण के चरण कमल का स्मरण मात्र से जीवन में होता जादुई असर धर्म अध्यात्म
  • PM Modi in Meera house
    PM Modi in Meera house : अयोध्या में मीरा के घर अचानक चाय पीने पहुंचे पीएम मोदी धर्म अध्यात्म
  • Famous songs of Karva Chauth
    इसबार आषाढ़ में 23 जून से 05 जुलाई तक रहें विशेष सावधान, ज्योतिष शास्त्र के अनुसार नहीं है शुभ धर्म अध्यात्म

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • होली
    Makar Sankranti 2024 : स्नान और दान करने पर क्या मिलता हैं फल, जानें पंडित हृदय रंजन शर्मा धर्म अध्यात्म
  • Rishika Sharma
    राष्ट्रीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता में Rishika Sharma ने जीता रजत पदक Sports
  • MLAs had darshan of Shri Ram
    MLAs had darshan of Shri Ram : प्रभु श्रीराम की भक्ति में डूबे विधायक, दर्शनों के लिए सीएम योगी का जताया आभार Blog
  • बोनी कपूर और भूटानी ग्रुप बनाएंगे जेवर में फिल्म सिटी Blog
  • प्रीति रंजन
    प्रीति रंजन ने बिखेरा अब कानपुर में भी मेकअप का जलवा मनोरंजन
  • Hartalika Teej
    महाशिवरात्रि पर शुभ योग, जानें चारों प्रहर का मुहूर्त, होगी भोलेनाथ की कृपा धर्म अध्यात्म
  • ब्रह्मचारिणी
    भगवान श्रीगणेश के जितने विचित्र इनके नाम हैं उतनी विचित्र इनसे जुड़ी कथाएं भी Blog
  • Bithoor to Kanpur Central Station
    Railway update : समस्तीपुर मंडल के मेहसी स्टेशन पर Railway

Copyright © 2026 .

Powered by PressBook News WordPress theme