होम्योपैथिक दवा में केमिकल फ्लेवर या कलर का इस्तेमाल नहीं होता : डॉ. मधुलिका शुक्ला
सामान्य तौर पर होम्योपैथिक दवा का असर एक से दो दिनों के अंदर दिखने लगता है गैस्ट्रिक समस्याओं से संबंधित इलाज के दौरान मसालेदार और तैलीय खाद्य पदार्थ से परहेज आवश्यक कानपुर : होम्योपैथिक मेडिकल क्षेत्र में एक ऐसी विधा है जो इस विश्वास पर आधारित है कि शरीर स्वयं को ठीक कर सकता है।…
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